प्रयागराज। कानपुर से दिल्ली क्षेत्र के बीच नई ट्रेन सेवा की मांग अब आगे बढ़ती दिख रही है। उत्तर मध्य रेलवे (NCR) के प्रयागराज मंडल ने कानपुर से दिल्ली क्षेत्र के बीच एक नई ट्रेन "कानपुर मेल" चलाने का प्रस्ताव तैयार किया है। यह प्रस्ताव कानपुर के सांसद रमेश अवस्थी और अन्य जनप्रतिनिधियों की लंबे समय से चली आ रही मांग के जवाब में तैयार किया गया है।
क्यों उठी यह मांग?
प्रयागराज मंडल के पत्र के अनुसार, कानपुर के सांसद रमेश अवस्थी और अन्य जनप्रतिनिधियों ने कानपुर से दिल्ली क्षेत्र के बीच "कानपुर मेल" नाम से एक नई ट्रेन चलाने की मांग की थी। इसी मांग को ध्यान में रखते हुए पिट लाइन स्लॉट, प्लेटफॉर्म उपलब्धता और अन्य परिचालन सीमाओं का आकलन करते हुए एक साप्ताहिक तीन दिन (Tri-Weekly) सेवा का प्रस्ताव तैयार किया गया है। इस प्रस्ताव को मंडल रेल प्रबंधक (DRM), प्रयागराज की मंजूरी पहले ही मिल चुकी है।
कब और कैसे चलेगी यह ट्रेन?
यह ट्रेन कानपुर सेंट्रल (CNB) से मंगलवार, शुक्रवार और रविवार को चलेगी, जबकि वापसी में नई दिल्ली/आनंद विहार टर्मिनल/दिल्ली से बुधवार, शनिवार और सोमवार को चलेगी। ट्रेन की प्राइमरी मेंटेनेंस कानपुर में ही की जाएगी। इसके लिए एक रैक (18 LHB/ICF कोच) की जरूरत होगी, जिसमें गार्ड सह लगेज-कम-दिव्यांगजन कोच, स्लीपर लगेज-रूम-डिस्पैच कोच, जनरल कोच, एसी थ्री-टियर कोच सहित कुल 18 कोच शामिल होंगे। ट्रेन के लिए एक इलेक्ट्रिक इंजन की जरूरत होगी।
प्रस्तावित समय (Tentative Timing)
| स्टेशन | कानपुर से दिल्ली (मंगल, शुक्र, रविवार) | दिल्ली से कानपुर (बुध, शनि, सोमवार) |
|---|---|---|
| कानपुर सेंट्रल (CNB) | प्रस्थान 21:10 | आगमन 07:20 |
| इटावा (ETW) | आगमन/प्रस्थान 22:53/22:55 | आगमन/प्रस्थान 04:25/04:27 |
| टूंडला जंक्शन (TDL) | आगमन/प्रस्थान 00:20/00:22 | आगमन/प्रस्थान 02:43/02:45 |
| अलीगढ़ जंक्शन (ALJN) | आगमन/प्रस्थान 01:40/01:42 | आगमन/प्रस्थान 01:13/01:15 |
| चिपियाना बुजुर्ग (CPYZ) | पासिंग 03:50 | पासिंग 23:55 |
| गाजियाबाद जंक्शन (GZB) | आगमन/प्रस्थान 03:55/03:57 | आगमन/प्रस्थान 23:45/23:47 |
| नई दिल्ली (NDLS) | आगमन 04:50 | प्रस्थान 23:00 |
यह ट्रेन कुल 441 किलोमीटर की दूरी तय करेगी। कानपुर से दिल्ली की तरफ यह सफर करीब 7 घंटे 40 मिनट में पूरा होगा, जबकि वापसी में दिल्ली से कानपुर की तरफ करीब 8 घंटे 20 मिनट लगेंगे। पत्र में यह भी बताया गया है कि कानपुर स्टेशन पर खाली प्लेटफॉर्म न मिलने के कारण ट्रेन की गति धीमी हो सकती है।
आगे क्या?
अब इस प्रस्ताव पर उत्तर रेलवे (NR) और रेलवे बोर्ड (RB) से व्यवहार्यता को लेकर राय मांगी गई है, क्योंकि ट्रेन का कुछ हिस्सा उत्तर रेलवे के इलाके से भी गुजरेगा। यानी अभी यह सिर्फ एक शुरुआती प्रस्ताव है, आगे की मंजूरी संबंधित रेलवे जोन और रेलवे बोर्ड की सहमति पर निर्भर करेगी। अगर यह प्रस्ताव आगे बढ़ता है, तो कानपुर और दिल्ली के बीच यात्रियों को एक नई ट्रेन सेवा का विकल्प मिल सकेगा।
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